
बाबा रसिका पागल जी महाराज आधुनिक युग के वृंदावन के सबसे प्रिय कृष्ण भक्ति संतों में से एक थे। उनका जीवन शुद्ध भक्ति, निःस्वार्थ सेवा और राधा-कृष्ण नाम की शक्ति का ज्योतिर्मय उदाहरण था।
जीवन यात्रा
वृंदावन में जन्मे, बाबा जी ने बचपन से भक्ति में себ को समर्पित किया।
आध्यात्मिक शिक्षाएं
बाबा जी ने सिखाया कि सच्ची आध्यात्मिकता निःस्वार्थ सेवा, राधा-कृष्ण नाम जप और गौ माता के प्रति करुणा में निहित है।
लोकप्रिय भजन
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
वृंदावन में जन्मे कृष्ण भक्ति संत और प्रसिद्ध भजन गायक जिनके भक्तिमय कीर्तनों ने विश्वभर के करोड़ों भक्तों के हृदय को छुआ।
निःस्वार्थ सेवा, राधा-कृष्ण नाम जप, ईश्वर के प्रति समर्पण, सभी प्राणियों के प्रति करुणा और भक्ति के माध्यम से धर्म का पालन।